अशोक वाजपेयी का जीवन परिचय और रचनाये आदि

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इस आर्टिकल में हम अशोक वाजपेयी का जीवन परिचय और रचनाये आदि के बारे में जानेंगे। बाजपेई का जन्म 16 जनवरी सन 1941 ईस्वी में छत्तीसगढ़ में हुआ था।

आज की इस लेख में हम लोग Ashok Vajpayee Ka Jeevan Parichay के बारे में ही जानने वाले हैं। यदि आप लोग इसलिए को पूरा अंत तक पढ़ते हैं तो मैं इनके जीवन के बारे में बहुत ही अच्छे से समझा दूंगा।

कवि का नामअशोक वाजपेयी
जन्म वर्ष16 जनवरी सन् 1941 ईस्वी में
जन्म स्थानमध्य – प्रदेश राज्य के दुर्ग जिले में
वर्तमान आयु82 से 83 वर्ष
पिता जी का नामपरमानन्द वाजपेयी जी
माता जी का नामनिर्मला देवी जी
शिक्षाअंग्रेजी साहित्य विषय से एम०ए०
पेशाकवि एवं निबंधकार
भाषाशुद्ध खड़ीबोली एवं संस्कृत
शैलीछंदमुक्त व तुकान्तहीन शैली
प्रमुख रचनायेआविन्यो, उम्मीद का दूसरा नाम, चींटी, युवा जंगल आदि।
पुरस्कार /सम्मान‘साहित्य अकादमी पुरस्कार’ एवं ‘दयावती मोदी कवि शिखर सम्मान’ द्वारा सम्मानित हुए।

अशोक वाजपेयी का जीवन परिचय

आधुनिक हिंदी कविता के जाने पहचाने मशहूर कवि श्री अशोक बाजपेयी का जन्म 16 जनवरी सन 1941 ईस्वी को छत्तीसगढ़ राज्य के दुर्ग नामक स्थान पर हुआ था।

बाजपेयी जी के पिताजी का नाम परमानंद बाजपेयी जी था और माता जी का नाम निर्मला देवी जी था जिन्होंने उनकी प्रारंभिक शिक्षा में महत्वपूर्ण योगदान दिया था।

इन्होंने सागर विश्वविद्यालय से बी०ए० एवं सेंट स्टीफेंस कॉलेज दिल्ली से अंग्रेजी विषय में स्नातक की डिग्री प्राप्त की थी। इसके बाद इन्होंने नई दिल्ली के दयाल सिंह कॉलेज में अंग्रेजी विषय में अध्यापन कार्य किया और अपना जीवन यापन किया था।

आगे चलकर इन्होंने अध्यापन कार्य छोड़ दिया था क्योंकि इनका सेलेक्सन भारतीय प्रशासनिक सेवा में हो गया था। सेलेक्सन के पहले यह एक कवि के रूप में चर्चित हो चुके थे।

विभिन्न सरकारी पदों पर रहते हुए भी साहित्य और संस्कृत के क्षेत्र में कार्य किये। इन्होंने भोपाल में भारत भवन नमक बहुआयामी कला केंद्र की स्थापना की थी।

इसके अलावा यह महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय के प्रथम कुलपति भी रहे हैं। वर्तमान में आज भी अशोक जी अपने साहित्य कला के लिए जाने जाते हैं और ये दिल्ली में अध्यक्ष पद पर कार्यरत है।

Ashok Vajpayee Ka Jeevan Parichay PDF

यदि आप लोग Ashok Vajpayee Ka Jeevan Parichay PDF फाइल को डाउनलोड करके पढ़ना चाहते हैं तो नीचे आपको पीएफ का ओवरव्यू देखने को मिल जाएगा।

Ashok Vajpayee Ka Jeevan Parichay PDF
Ashok Vajpayee Ka Jeevan Parichay PDF

आप लोग पीडीएफ को पढ़ करके भी इनके जीवनी के बारे में जान सकते हैं। इस पीडीएफ को मैंने खुद अपने हाथों से तैयार किया है ताकि आप लोग पीएफ के माध्यम से अशोक जी वाजपेई के जीवनी के बारे में जान सके

पीडीऍफ़ को डाउनलोड करने के लिए आपको फाइल पर क्लिक करना होगा। उसके बाद से आप गूगल ड्राइव से इस PDF को डाउनलोड करके बाजपेई जीवन परिचय पढ़ सकते हैं।

अशोक वाजपेयी का साहित्यिक परिचय

अशोक वाजपेयी जी एक प्रसिद्ध हिंदी साहित्य के कवि आलोचक और संपादक के रूप में जाने जाते हैं। अशोक जी को साहित्य अकादमी पुरस्कार, दयावती कवि शिखर सम्मान और कबीर सम्मान से सम्मानित किया गया है।

वर्तमान में वाजपेयी जी ललित कला अकादमी के अध्यक्ष हैं और यह दिल्ली में ही रहते हुए साहित्य के क्षेत्र में लगे हुए हैं। उनकी कविताओं में आधुनिक जीवन की कठोर वास्तविकताओं का वर्णन किया हुआ है।

इनकी साहित्य काव्य की मुख्य विशेषता यह है कि इन्होंने जीवन के अनेक पहलुओ का चित्रण किया है, परंतु उसमें कुरुरता नहीं आने दिया है।

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अशोक वाजपेयी की प्रमुख रचनाये

अशोक वाजपेयी की प्रमुख रचनाएं आविन्यो, उम्मीद का दूसरा नाम, चींटी, युवा जंगल, कला विनोद, कविता एशिया आदि है। इनका काव्य संकलन ‘प्रतिनिधि कविताएँ’, ‘खुल गया है द्वार एक’ और ‘कवि ने कहा’ है।

इन्होंने अपने रचनाओं को इतना सरल और सामाजिक बनाया कि हर कोई पढ़ने वाला इनका दीवाने हो जाता है। इनकी कविता में हमेशा विनम्रता, प्रेम और उत्साह सुंदर चित्र देखने को मिलता है।

इन्होने अब तक खुद की लिखी हुई और संपादित हुई 33 कृतियां प्रकाशित हो चुकी है।

हिन्दी साहित्य में स्थान

अशोक वाजपेयी ने अपने समय की सच्चाई को मूर्त रूप देकर अपने काव्य जगत में अपने स्थान को दर्ज किया है। यह एक कठिन पूर्ण कार्य है ऐसा कार्य करने की प्रतिभा बहुत ही काम कवियों में होती है, परंतु वाजपेयी के अंदर यह प्रतिभा दिखी।

हिंदी साहित्य में अपनी रचनाओं द्वारा साहित्य को योगदान देने वाले एक ऐसे कई हैं जो साहित्य प्रेमियों के लिए हमेशा यह यादगार रहेंगे।

भाषा शैली

अशोक वाजपेयी ने अपने कविताओं में शुद्ध खड़ी बोली एवं संस्कृत भाषा का चयन किया है। इन्होंने साहित्य खड़ी बोली का प्रयोग करके अपने कविताओं को और आसान बनाया है।

उनकी कविताओं का मुख्य केंद्र बिंदु मनुष्य की जिजीविषा, उसका रहस्य और उसका हर्ष विषाद हैं। इनके काव्य में माता-पिता, प्रेमिका और बाल सखा, बेटी – बेटा, बहू के संबंधों का सुंदर चित्रण किया है।

इन्होंने साहित्य खड़ी बोली वह छंदमुक्त व तुकान्तहीन शैली का बहुत ही सटीकता से चित्रण किया है।

FAQ: अशोक वाजपेयी का जीवन परिचय से जुड़े सवाल

अब हम लोग अशोक वाजपेयी का जीवन परिचय से संबंधित कुछ ऐसे प्रश्नों का उत्तर जानेंगे जो कि अक्सर आप लोगों के द्वारा पूछी जाती है। यदि आपके मन में भी अशोक जी के जीवनी से लेकर कोई सवाल है तो नीचे दिए गए प्रश्नों का उत्तर पढ़ सकते हैं।

अशोक वाजपेयी का मूल निवास कहाँ है?

अशोक वाजपेई जी का मूल निवास छतीसगढ़ राज्य के अंतर्गत दुर्ग जिले में है परंतु वर्तमान में यह दिल्ली में ललित कला अकादमी के अध्यक्ष पद पर हैं।

अशोक वाजपेयी का जन्म कब और कहाँ हुआ था?

अशोक बाजपेई का जन्म 16 जनवरी सन 1941 ईस्वी में छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में एक सामान्य परिवार में हुआ था।

अशोक वाजपेयी की माता का नाम क्या था?

अशोक वाजपेयी की माता जी का नाम निर्मला देवी जी था।

अशोक वाजपेयी जी ने कहाँ रहकर स्वतंत्र लेखन किया था?

वाजपेयी जी दिल्ली में रहकर के स्वतंत्र रूप से साहित्य के क्षेत्र में कार्य किया था।

अशोक वाजपेयी का निधन कब हुआ

अशोक वाजपेयी का निधन कब हुआ है यह प्रश्न अक्सर इंटरनेट पर छात्रों द्वारा पूछी जाती है, परंतु बाजपेई का निधन अभी नहीं हुआ है यह अभी भी साहित्य के क्षेत्र में कार्यरत है और एक प्रसिद्ध कवि के रूप में जाने जाते हैं।

अशोक वाजपेयी किस काल के कवि हैं

अशोक वाजपेयी नव्योत्तर काल के कवि हैं और यह वर्तमान में भी साहित्य साधना करते हैं।

अशोक बाजपेई के माता-पिता का नाम

अशोक वाजपेयी के माता का नाम निर्मला देवी और पिता का नाम परमानंद बाजपेई था

अशोक वाजपेयी ने राज्य की सेवा किस रूप में की

अशोक बाजपेई जी ने मध्य प्रदेश और भोपाल के राज्य सरकार के सरकारी नौकरी करके राज्य की सेवा की थी। दिल्ली राज्य में इन्होंने संस्कृत विभाग में संयुक्त सचिव के पद पर भी कार्य किया।

निष्कर्ष

मुझे उम्मीद है कि अब आप लोगो को अशोक वाजपेयी का जीवन परिचय को बहुत ही बेहतरीन तरीके से पढ़ लिए हैं। आज के हमने इस आर्टिकल में अशोक जी के जीवन से जुड़े सभी तथ्यों को पढ़ा है।

वर्तमान में यह दिल्ली में ललित कला अकादमी के अध्यक्ष पद के रूप में कार्य करते हैं। यदि आपको आज की वाजपेई के जीवन से संबंधित लेख जो है पसंद आई है तो अपने बाकी मित्रों के साथ भी शेयर जरूर करें।

प्रिय स्टूडेंट्स, मेरा नाम आशीर्वाद चौरसिया है और मैंने हिन्दी विषय से स्नातक भी किया है। आपको इस ब्लॉग पर हिन्दी से जुड़े सभी तरह के जानकारिय मिलेगी। इसके अतिरिक्त आपको सभी क्लासेज की नोट्स एवं विडियो लेक्चर हमारे NCERT eNotes YouTube चैनल पर मिल जाएगी।

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